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खटीक ही क्यों करते हैं काली की पूजा? झांसी की काली माता।

खटीक महासंघ | “महाकाली उत्सव” खटीक समाज का प्रमुख त्योहार है इस दिन खटीक समाज द्वारा बकरों की बलि और महाकाली की पूजा और विसर्जन किया जाता है।

झांसी और कलकत्ते में खटिकयाने का ‘महाकाली उत्सव’ काफी प्रसिद्ध है। हर साल दशहरे के दिन यहां लाखों लोग महाकाली उत्सव के दर्शन करने के लिए देश के कोने कोने से सम्मिलित होते हैं।

आपको जानकर हैरानी होगी कि कलकत्ते और झांसी के खटिकयाने में “महाकाली उत्सव” के दौरान खटीक समाज द्वारा 1 ही दिन में लगभग 1100 बकरों की बलि दी जाती है। माना जाता है कि यहां जो मांगों वही मिलता है फिर मनोकामना पूरी होने पर बकरे की बलि चढ़ाई जाती है।

काली माता के विसर्जन के साथ खटीक समाज विजयदशमी को शस्त्र पूजन का आयोजन करते हैं परंतु इतिहास के जानकार व्यक्तियों द्वारा गुमराह कर हमें अपने पथ से विमुख कर दिया आप सभी से विशेष आग्रह है कि क्षत्रियों की निशानी शस्त्र होते हैं और विजयदशमी के दिन शस्त्रों की पूजा अवश्य करनी चाहिए।

खटीक ही क्यों करते हैं काली की पूजा?
खटीक समाज के लोग प्राचीनकाल में शिकार करके अपना पेट भरते थे शिकार करने को आखेट भी कहते हैं और शिकारी को आखेटक। इसलिए धी…
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जितेन्द्र खटीक का भारतीय अभियांत्रिकी सर्विस में चयन

जितेन्द्र खटीक का भारतीय अभियांत्रिकी सर्विस में चयन पोकरण | परमाणु नगरी के लाल जितेन्द्र पुत्र शैतानमल खटीक ने पूरे देश में आयोजित हुई आईईएस (भारतीय अभियांत्रिकी...
Source: Bhaskar News Network | Nov 11, 2018, पोकरण | परमाणु नगरी के लाल जितेन्द्र पुत्र शैतानमल खटीक ने पूरे देश में आयोजित हुई आईईएस (भारतीय अभियांत्रिकी सर्विस) में 96वीं रेंक हासिल कर पूरे देश में पोकरण का नाम रोशन किया।

पोकरण के होनहार छात्र जितेन्द्र शैतानमल खटीक का आईईएस में चयन होने के साथ ही समाज के साथ साथ पूरे क्षेत्र में खुशी की लहर छा गई है। जितेन्द्र खटीक का वर्ष 2016-17 में बीएसएनएल में जेटीओ के पद पर चयन हुआ था।  वहीं वर्ष 2018 में गेट में चयन होनेपर एयरपोर्ट अथोर्टी के साथ साथ स्टील एथॉरिटी ऑफ इंडिया व पावर ग्रिड कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया में चयन हुआ। हाल में जितेन्द्र खटीक पावर ग्रिड कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया में एक्सईएन के पद पर कार्यरत है।  जितेन्द्र खटीक ने इतने में ही अपना सपना नहीं छोड़ा और आईईएस की तैयारी की। शुक्रवार की रात्रि को जारी हुए परिणाम में जितेन्द्र ने पूरे देश में 96वीं रेंक प्राप्त कर समाज, परिवा…

क्राइम रिकॉर्ड ब्यूरो के हेड कांस्टेबल सुरेश चावला दिल्ली में सम्मानित हुए

टोंक| हेड कांस्टेबल सुरेश चावला को सम्मानित करते नेशनल क्राइम रिकार्ड ब्यूरो के होम सेकेट्री आॅफ इण्डिया राजीव... खटीक महासंघ टोंक | हेड कांस्टेबल सुरेश चावला को सम्मानित करते नेशनल क्राइम रिकार्ड ब्यूरो के होम सेकेट्री आॅफ इण्डिया राजीव गुबा। 

टोंक |नेशनल क्राइम रिकार्ड ब्यूरो की ओर से एसपी ऑफिस टोंक के डिस्ट्रिक क्राइम रिकार्ड ब्यूरो एवं साइबर सेल में कार्यरत हैड कांस्टेबल सुरेश चावला का सम्मान किया गया।  चावला को क्राइम क्रिमिनल ट्रेकिंग नेटवर्क सिस्टम (सीसीटीएनएस) में अच्छा कार्य करने पर प्रथम स्थान के लिए चयनित करते हुए दिल्ली में एनसीआरबी की ओर से होम सेक्रेट्री आफ इण्डिया राजीव गुबा ने प्रमाण पत्र व स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया।  इस दौरान आईबी के निदेशक राजीव जैन, एनसीआरबी के निदेशक डॉ. ईश कुमार, जॉइंट सैक्रेटरी पुनिया सलिला आदि मौजूद थे।  विदित रहे एनसीआरबी चयन कमेटी ने चावला का चयन किया हैं। चावला ने सबसे पहले जिले के सभी थानों में सीसीटीएनएस का प्रभावी उपयोग शुरू कर राज्य में टोंक जिले को प्रथम स्थान दिलाया।

नेहा पच्चिसिया, पुलिस ऑफिसर, मध्यप्रदेश पुलिस

नेहा पच्चिसिया वर्तमान में मध्यप्रदेश पुलिस में डीएसपी के पद पर तैनात हैं।

टीकमगढ़ के एतिहासिक कुंडेश्वर महादेव मंदिर का इतिहास

खटीक महासंघ टीकमगढ़। आज जिले में स्थिल कुंडेश्वर में बना शिवधाम मंदिर में श्रद्धालुओं की जमकर भीड़ उमड़ी रही, बुंदेलखण्ड के लोगों का आस्था का केंद्र बना शिवधाम में भगवान शंकर की आराधना करने हजारों लोग पहुंचे। भगवान भोलेनाथ का प्रिय मास होने के चलते अब पूरे महीने भक्तों का यहां तांता लगा रहेगा। माना जाता है कि यह शिवलिंग सैकड़ों साल पहले जमीन से प्रकट हुआ था। खटीक समाज का गौरवशाली इतिहास प्रचलित कथानुसार, हजारों सालों पहले यहां पर एक पहाड़ी हुआ करती थी जहां पर खटीक जाति के लोग निवास करते थे, वहीं पर एक महिला ओखली में धान कूट रही थी तभी जमीन से अचानक भारी मात्रा में खून निकलने लगा और महिला घबरा कर ओखली पर मूसल रख लोगों को बुलाने चली गई और जब लोगों ने आकर देखा तो कुंडे के नीचे शिवलिंग प्रकट हुआ था। तभी से इनका नाम कुंडेश्वर भगवान हो गया।

यह शिवलिंग प्रति साल चावल नुमा आकर में बढ़ता है और मोटा भी होता है यह एक पंच मुखी शिवलिंग है जो लोगों के कष्टों को हरता है यहां पर दर्शन करने हजारों की संख्या में भक्तगण करने आते हैं। सावन सोमवार को तो यहां की छटा ही अद्भुत होती है, श्रावण मास में भोले ना…